आस्था से परिपूर्ण “छठ ”महापर्व

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आस्था से परिपूर्ण बिहार का महापर्व “छठ ” चार दिनों का होता है । छठ पर्व कार्तिक महीने के शुक्लपक्ष की षष्टी को यानी दीपावली के छठवें दिन मनाया जाता है । यदि छठ पूजा का उल्लेख करते है तो जो पहली छवि उभरती है,वह सूर्य को पवित्र जल प्रवाह में अर्घ्य देती व्रती की छवि आती है । छठ पूजा एक ऐसी अद्फुत प्रक्रिया है जो चार दिनों की यात्रा में अनके दिनों की यात्रा में अनेक अर्थ समेटे हुवे होते है ।

नहाय खाय में व्रती गंगा स्नान कर मिट्टी से बने चूल्हे में लकड़ी से आग जला अरवा चावल ,चना दाल,कद्दू की सब्जी बना प्रसाद के रूप में ग्रहण करती है । खरना में दोस्ती रोटी, गुड़ से बने रसिया ,खीर,पूरी का भोग लगा दूध ,गंगाजल का अर्घ्य दे प्रणाम कर प्रसाद ग्रहण करती है । बिना जल ग्रहण किये शाम बाली डूबते सूर्य को अर्घ्य देने के लिए पकवान,फल,फूल,नारियल , सब्जी धूप,दीप,पान सुपारी ,अलता से सुप,दौउरा सजा कर आस्था के साथ डूबते सूर्य को साँझ की अर्घ्य दूध,गंगाजल से दिया जाता है। पुनः सूर्य की पहली किरण को भोरकी अर्घ्य दूध,गंगाजल से दे सूर्य देवता से अनजाने में हुई भूलचूक की क्षमा मांगते हुवे प्रणाम करते है ।

घाट पर व्रती से भीख के रूप में प्रसाद और आशीर्वाद हम श्रद्धालु ग्रहण कर गंगा मईया और छठी मईया का जयकारा लगाते हुवे अगले वर्ष पुनः आस्था के साथ आपको पूज सकुँ इसका न्योता देते है । इस पर्व के संबंध में एक पौराणिक मान्यताएं भी है । एक कथा के मुताबिक जब पांडव कौरव से जुए में अपना सारा राज-पाट हार गए थे तब पांडव के लिए द्रौपदी ने छठ का व्रत किया था । इस व्रत के बाद द्रोपदी की सभी मनोकामनाएं पूरी हुई थीं ।

कुछ अहम बातें…

बिहार के योगदान और बिहारियों के सम्मान,सस्कृतिक विरासत और आस्था को बनाए,परिवार,समाज,एकता एवम एकरूपता बनाये रखने के लिए ये छठ पर्व मनाया जाता है,जिसमे वो माँएं जो अपनी संतानों को कई महीनों तक नही देख पाती है,जो अपने परिवार के जड़ो से कट रहे है उनको घर आने का बहाना है । सुप ,दोउरा ,बनाने वालों को समाज मे उनके महत्व को बरकरार रखने के लिए भी ये पर्व मनाए जाते है ।
इस तरह ये बिहार का सर्वश्रेष्ठ और आस्था का ” महापर्व छठ ” एक दूसरे के पूरक होने का परिचायक है ।

# जी संयमित एवम संतुलित वयवहार सुखमय जीवन का आधार #

लेखक : सुमन सोनी
प्रदेश उपाध्यक्ष सह प्रान्त शिक्षिका प्रमुख
बिहार प्रदेश प्रारंभिक माध्यमिक शिक्षक संघ

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