नवांकुर साहित्य सभा द्वारा काव्य गोष्ठी एवं रजनीगंधा काव्य संग्रह का लोकार्पण 

0
204
24059208_1360337227404060_8815938485759861980_n

संजय कुमार गिरि ,नई दिल्ली ,’नवांकुर साहित्य सभा’ एवं ‘दिल्ली पब्लिक लाईब्रेरी, (संस्कृति मंत्रालय, भारत सरकार) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित काव्य विधा के बहुत सुंदर और लोकप्रिय छंद ”महिया’ पर विशेष ‘युवा काव्य गोष्ठी’ एवम रजनीगन्धा पुस्तक का विमोचन कल शाम दिल्ली पब्लिक लाइब्रेरी, पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन के सामने, (चाँदनी चौंक मैट्रो स्टेशन गेट न. 2) में किया गया । मंचाशीन अतिथि साहित्यकारों एवम कविगण में. श्री लक्ष्मीशंकर बाजपेयी जी (अध्यक्ष और वक्ता महिया छंद) ,2. श्री अनिल मीत जी ,3. श्री मनोज अबोध जी,4. श्री शैल भदावरी रहे । सभी अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित एवं पुष्प अर्पित करने के उपरान्त एटा से आये कवि डॉ प्रशांत देव के मधुर स्वर में सरस्वती वंदना हुई इसके उपरान्त काव्य पाठ आरम्भ हुआ !
काव्य गोष्ठी का सञ्चालन हास्य कवि श्री गुड्डू शादीसुदा ने बहुत मोहक एवम लाजबाब अंदाज़ में किया । इस सुअवसर पर शब्दांकुर प्रकाशन द्वारा प्रकाशित एवं काली शंकर सौम्य एवं संजय कुमार गिरि द्वारा सम्पादित 24 कवियों द्वारा लिखी कविताओं का काव्य संग्रह “रजनीगंधा” पुस्तक का लोकार्पण भी किया गया !रजनीगन्धा पुस्तक में सम्मलित रचनाकारों के अलावा दिल्ली एन सी आर से आये लगभग 35 कवियों ने मंच से अपना शानदार काव्यपाठ भी किया जिनमें सर्वश्री नयन सिंह नयन ,इंद्रजीत कुमार ,मनोज मनमौजी ,उमेश निर्झर ,चरनजीत सिंह ,इब्राहीम अल्वी ,जगदीश मीणा ,ओम प्रकाश शुक्ल ,कल्पना शुक्ला ,बलराम निगम ,सरौज शर्मा ,रवि सरोहा ,सृजन शीतल , अनिमेष शर्मा ,आदि ।नवांकुर साहित्य सभा के अध्यक्ष श्री अशोक कश्यप एवं महासचिव श्री काली शंकर जी ने अतिथियों का स्वागत पुष्प माला एवम अंगवस्त्र पहना कर किया ।

LEAVE A REPLY